देश की राजधानी होने के बावजूद दिल्ली की स्वास्थ्य व्यवस्था एक होती दिख रही है आपको बता दें कि कोरोना मरीजों को इलाज देने में सिस्टम नाकाफी साबित हो रहा है बिस्तर और ऑक्सीजन के लिए मारामारी मच रही है वहीं अब वैक्सीन भी कम ( Lack of vaccine ) होने की बातें सामने आई है।

Lack of vaccine

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राजधानी दिल्ली में हालात यह हैं कि केंद्र सरकार आदमी 1 मई से दिल्ली सहित पूरे देश में 18 साल से अधिक उम्र के लोगों को वैक्सीन लगाने का काम शुरू करवाने वाली थी वहीं दिल्ली में गोविंद वेबसाइट ने युवाओं को हैरान कर दिया है, दरअसल इस वेबसाइट पर कोरोना वैक्सीन लगवाने के लिए पंजीकरण हो रहा है वहां पंजीयन तो हो रहा है लेकिन अपॉइंटमेंट की बारी आई तो उन्हें घंटों दिमाग लगाने के बाद भी कोई सेंटर नहीं मिल पा रहा है।

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एक निजी न्यूज़ चैनल द्वारा पड़ताल में पता चला कि दिल्ली के सरकारी और प्राइवेट केंद्रों की स्थिति सामान्य नहीं है दिल्ली को 16 जनवरी से अब तक 3690710 दोस्त मिली है जिनमें से 3 फीसद बर्बाद हो चुकी है बाकी दोस्त का इस्तेमाल किया जा रहा है। केंद्रों के पास फिलहाल 447410 लाख दोस्त ही उपलब्ध है।

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