swayamprabha the india rise news

केंद्र सरकार के ‘स्वयंप्रभा’ प्रोजेक्ट में 32 चैनल शामिल हैं। इसमें GSAT – 15 सैटेलाइट के जरिए 24 घंटे एजुकेशन के जुड़े प्रोग्राम ही प्रसारित किए जाएंगे। प्रोग्राम एक दिन में कई बार रिपीट किया जाएगा। जिससे स्टूडेंट्स को लैक्चर समझ आ सके। 


लॉकडाउन के दौरान स्कूल कॉलेज बंद रहे, और कब तक स्कूल, कॉलेज, यूनिवर्सिटी खुलने के आदेश आएंगे इस बात का अंदाजा किसी को नहीं है। कोरोना की वजह से स्टूडेंट्स के करियर पर कोई असर न पड़े इसलिए ऑनलाइन क्लासेस के जरिए सिलेबस पूरा करवाया गया, लेकिन कई ऐसे स्टूडेंट्स थे जो सुदूर क्षेत्रों में रहने की वजह से एजुकेशन के लिए संसाधन जुटाने में समर्थ नहीं थे। यह एक बड़ी वजह थी जिससे कई स्टूडेंट्स क्लास अटेंड नहीं कर पाए।

 

यूनिवर्सिटी ने मिलकर बनाया कंटेंट

अब देशभर में यूनिवर्सिटी के फैकल्टी मेंबर्स मिलकर उन सिडेंट्स के लिए कंटेंट तैयार कर रहे हैं जो ऑनलाइन स्टडी के लिए संसाधन नहीं जुटा पाए थे। कंटेंट केंद्र शिक्षा मंत्रालय के प्रोजेक्ट ‘स्वयंप्रभा’ के जरिए प्रसारित किया जाएगा।

 

28 अगस्त से होगा टेलीकास्ट 

सेंट्रल यूनिवर्सिटी की फैकल्टी ने 300 घंटे का लैक्चर रिकॉर्ड किया है। IIT Madras को इस कैम्पेन का कॉर्डिनेटर बनाया है। 28 अगस्त से प्रसारित होने वाले लैक्चर को खासतौर पर ग्रामीण इलाकों में रह रहे स्टूडेंट्स को देखते हुए तैयार किया गया है।

 

कम समय में कैसे करेंगे सिलेबस पूरा

सिलेबस पूरा करने के लिए अब स्टुडेंट्स के पास टाइम कम है इसलिए 40 से 50 घंटे के लैक्चर को 10 से 15 घंटे का बनाया गया है जिससे स्टूडेंट्स का सिलेबस समय पर पूरा हो सके।

 

32 DTH चैनलों पर होगा प्रसारित

केंद्र सरकार के ‘स्वयंप्रभा’ प्रोजेक्ट में 32 चैनल शामिल हैं। इसमें GSAT – 15 सैटेलाइट के जरिए 24 घंटे एजुकेशन के जुड़े प्रोग्राम ही प्रसारित किए जाएंगे। प्रोग्राम एक दिन में कई बार रिपीट किया जाएगा। जिससे स्टूडेंट्स को लैक्चर समझ आ सके। इसके बाद भी परेशानी होने पर स्टूडेंट्स www.swayamprabha.gov.in पर संपर्क कर सकते हैं।

Follow Us