इस बदलते समय में स्टार्टअप के बुखार को झेलते हुए , स्कूल और कॉलेज बीच में ही छोड़ कर अपना खुद का बिजनेस शुरू करना कोई नई बात नहीं है । हालांकि , अयान चावला की कहानी बहुत से लोगों को झटका दे सकती है । महज 13 साल की उम्र एक एंटरप्रेन्योर की यात्रा शुरू करने वाले अयान चावला भारत के सबसे काम उम्र के सी. ई. ओ. हैं ।अयान “एशियन फॉक्स डेवलपमेंट्स” नाम की कंपनी के सी. ई. ओ. और फाउंडर हैं ।

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 Ayan Chawla

प्रारंभिक जीवन

दिल्लीवासी अयान चावला की मां कुंजम डी. चावला एक फैशन डिजाइनर हैंबोर उनकी बहन एक सिविल इंजीनियर । 1997 में जन्मे अयान चावला को 8 साल की उम्र में ही उनके माता पिता द्वारा कंप्यूटर दे दिया गया था । बचपन से ही अयान दूसरे बच्चों के जैसे नही थे । जब दूसरे बच्चे अपने खिलौनों से खेल रहे होते थे तब अयान अपने कंप्यूटर में कुछ नया सीख रहे होते थे ।


अपने कंप्यूटर में हर पल कुछ नया करने वाले अयान ने बहुत ही जल्द फिल्म और वीडियो बनाना भी शुरू कर दिया था और उसे अपने कंप्यूटर पर एडिट करते रहते थे ।
कंप्यूटर के बारे में और जानने के लिए अयान ने प्रोग्रामिंग लैंग्वेज और इंटरनेट के बारे में भी पढ़ना शुरू कर दिया ।

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अयान अपना सारा समय बस कंप्यूटर को ही देने लगे थे जिसके कारण उनकी स्कूली पढ़ाई नहीं हो पा रही थी । हालाकि अयान पढ़ाई के महत्व को भली भाती समझते थे लेकिन अपने सपने को पूरा करने के लिए वे कुछ भी करने को तैयार थे । और कक्षा 9 के बाद उन्होंने दिल्ली पब्लिक स्कूल से पढ़ाई छोड़ दी ताकि वह अपना सारा समय सिर्फ कंप्यूटर को दे सकें और कुछ बड़ा कर सकें ।लेकिन सामाजिक मानदंडों के कारण उन्होंने इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग में दाखिला ले लिया ।

13 वर्ष की आयु में प्रोग्रामिंग और कोडिंग की पूरी जानकारी प्राप्त करने के बाद उन्होंने वेबसाइट्स , ऐप्स , और सॉफ्टवेयर्स की कोडिंग करनी चालू कर दो थी ।
अयान को शायद इस बात का आभास हो गया था की आने वाला समय इंटरनेट का होगा और लोग इंटरनेट के मदद से सोशियली जुड़ा रहना पसंद करेंगे । इस लिए 1 जनवरी 2011 को अयान ने एक सामाजिक उपयोगिता बनाई जिससे लोग सामाजिक रूप से एक दूसरे से जुड़े रहे और उसका नाम उन्होंने “ग्रुप फॉर फ्रेंड्स” रखा ।

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अयान ने कभी भी किसी से मार्गदशन या सलाह लेने के बारे मे नहीं सोचा । उन्होंने हमेशा खुद को अपने कंप्यूटर के साथ कमरे में बंद रखा , इंटरनेट और किताबों से बहुत सारी तकनीकी चीज़ें सीखी ।

“एशियन फॉक्स डेवलपमेंट्स” की शुरुआत

7 मार्च 2011 को को उन्होंने अपनी पहली आई. टी. कंपनी खोली जो की आई. टी. समाधान के लिए थी और उसका नाम उन्होंने ” एशियन फॉक्स डेवलपमेंट्स” रखा ।
उनकी मां जिन्हे वह अपना आइडल भी मानते हैं कुंजम डी. चावला ने उनके इस बिजनेस में 10,000 का निवेश किया । अभी तक अयान बिना किसी दूसरे निवेशक के अपनी कंपनी का प्रबंध कर रहे हैं । उनकी मां कंपनी के कानूनी और वित्तीय मामलों की देखभाल करती हैं । वह एशियन फॉक्स डेवलपमेंट की अध्यक्ष भी हैं । हालाकि वह आई. टी. क्षेत्र से नहीं हैं , और उनके काम में बिल्कुल भी हस्तक्षेप नहीं करती हैं । अयान के लिए उनकी मां एक सुपर मॉम हैं जो उनकी दिनचर्या का निजी ख्याल रखती हैं ।


एक साल बाद , 15 मई 2013 को उन्होंने “ग्लोबल वेब माउंट” नामक वेब समाधान के लिए एक और कंपनी की स्थापना की । और 2013 में उन्होंने मीडिया एंड मार्केटिंग सर्विसेज के लिए फिर से एक और कंपनी की स्थापना की जिसे “माइंड इन एडवरटाइजिंग” कहा जाने लगा ।
जब अयान 18 साल के हुए इनकी कंपनी एशियन फॉक्स डेवलपमेंट ने 5 साल पूरे किए और उन्होंने दुनिया भर में अपने 1 लाख से अधिक ग्राहक बना लिए थे । उन्होंने भारत , अमेरिका , ब्रिटेन , हांगकांग और तुर्की जैसे जगहों पर अपने कारोबार का विस्तार कर लिया है ।
अयान के कंपनी में काम करने वाले कई कर्मचारी उनसे उम्र में काफी अधिक बड़े हैं , जिसे जान सभी को आचार्य होता है ।

अयान ने दुनिया को अपने बारे में बताते हुए कहा था “मेरे माता पिता ने मुझे एक कंप्यूटर खरीदा था जब मैं आठ साल का था । एक बच्चा होने के नाते , जिसमे कौशल लेने की प्यास थी , मैने जल्द ही एडोब सॉफ्टवेयर जैसे एडिटिंग टूल्स के साथ फिल्में बनाना शुरू किया । एक दिन मैंने सोचा कि अगर मैं वेबसाइट सॉफ्टवेयर और ऐप बनाना सीखूं तो बहुत अच्छा होगा । जब मैं 13 साल का था तब लोगों को एक दूसरे से जोड़ने के लिए सामाजिक उपयोगिता शुरू करने का विचार मेरे मन में आया । इसके बाद 1 साल का गैप ले कर मैने 2011 में इसे लॉन्च किया ।”

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इतना कुछ हासिल करने के बाद आज भी जब अयान को खाली समय मिलता है , तो वह आई. टी. क्षेत्र और बाजार के बारे में अधिक जानने के लिए इंटरनेट पर सर्फ करते हैं । उन्हें भारत और दुनिया भर की कई कंपनियों के सम्मेलनों ,सेमिनारों और वेबिनरों में एक वक्ता के रूप में आमंत्रित किया जाता है । उन्हें विश्वविद्यालयों में भी बुलाया जाता है । उन्होंने द्रोणाचार्य कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में भी बातें की । कैरियर फेस्ट 2013 में उन्हें जाने माने बड़े एंटरप्रेन्योर के साथ भी मंच साझा करने का मोका मिला । उन्हें ऑरलैंडो , फ्लोरिडा में एंटरप्राइज कनेक्ट 2014–2015 इवेंट में भी बोलने के लिए आमंत्रित किया गया था ।
हाल ही में उन्होंने दुनिया से यह भी साझा किया की एशियन फॉक्स डेवलपमेंट ने फिल्म निर्देशक इकराम अख्तर और फिल्म निर्माता राजेश आर. त्रिपाठी के साथ एक डील साइन की है जिसमे वह उनकी आने वाली फिल्म “इंडिया में लाहौर” में आई. टी. एंड ऑनलाइन मीडिया पार्टनर के रूप में शामिल रहेंगे ।

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अयान की उपलब्धियों को प्रधानमंत्री कार्यालय से सराहना पत्र मिला है और उन्हें दो बार युवा एंटरप्रेन्योर पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया है । अयान की यह यात्रा इस बात का एक आदर्श कारण है की हर किसी को हमेशा अपने जुनून की दिशा में काम करना चाहिए और उस पर उत्कृष्ट बनना चाहिए ।
अयान की कहानी लाखों लोगों में से एक की है , जो की हर युवा एंटरप्रेन्योर के लिए प्रेरणा दायक है जो इस अत्यधिक प्रतिस्पर्धा वाली दुनिया में कुछ कुछ बड़ा करना चाहते हैं ।

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